गाजीपुर। बहुजन समाज पार्टी (बीएसपी) ने 2027 में होने वाले उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव को ध्यान में रखते हुए गाजीपुर जिले में संगठनात्मक बड़ा बदलाव किया है। पार्टी ने रमेश सिंह कुशवाहा को नया जिला अध्यक्ष नियुक्त किया है। नियुक्ति के बाद शनिवार को वह पहली बार गाजीपुर स्थित पार्टी कार्यालय पहुंचे, जहां कार्यकर्ताओं ने उनका भव्य स्वागत किया।
करीब 20 वर्षों के अंतराल के बाद बीएसपी ने गाजीपुर में पूर्णकालिक ओबीसी जिला अध्यक्ष नियुक्त कर सियासी तौर पर नया दांव चला है। राजनीतिक जानकारों के मुताबिक, बीएसपी अब अपने पारंपरिक दलित वोट बैंक के साथ-साथ ओबीसी मतदाताओं में भी मजबूत पकड़ बनाने की रणनीति पर काम कर रही है।
2007 के बाद फिर ओबीसी चेहरे पर दांव
बीएसपी के वाराणसी मंडल प्रभारी प्रमोद कुमार प्रभाकर ने बताया कि इससे पहले वर्ष 2007 में हरिनाथ राजभर को गाजीपुर का जिला अध्यक्ष बनाया गया था। उस समय प्रदेश में बीएसपी की सरकार थी और मायावती मुख्यमंत्री थीं। इसके बाद 2023 में बुझारत राजभर को जिला अध्यक्ष बनाया गया, लेकिन उनका कार्यकाल मात्र दो महीने का रहा।
उन्होंने कहा कि करीब दो दशक बाद पार्टी ने अपनी रणनीति में मूलभूत बदलाव करते हुए फिर से ओबीसी चेहरे पर भरोसा जताया है। 2027 के विधानसभा चुनाव को केंद्र में रखकर यह फैसला पार्टी नेतृत्व द्वारा लिया गया है।
बैकवर्ड वोट बैंक से सीधा जुड़ाव
प्रभाकर ने बताया कि रमेश सिंह कुशवाहा लंबे समय से पार्टी से जुड़े हुए हैं और एक मुखर वक्ता के रूप में जाने जाते हैं। उनके जिला अध्यक्ष बनने से बीएसपी को पिछड़ा वर्ग के मतदाताओं से सीधा जुड़ाव मिलेगा।
पार्टी को मिलेगी नई ऊर्जा
पूर्व लोकसभा प्रत्याशी एवं बीएसपी नेता डॉ. उमेश कुमार सिंह ने कहा कि बहुजन समाज पार्टी सभी वर्गों को साथ लेकर चलने वाली पार्टी है। रमेश सिंह कुशवाहा पार्टी के पुराने और मजबूत कैडर हैं। उनके नेतृत्व में बीएसपी आगामी चुनावों में बेहतर और प्रभावशाली प्रदर्शन करेगी।




