वाराणसी। गौवंश संरक्षण को लेकर एक महत्वपूर्ण और चर्चित निर्णय देने वाली गुजरात की माननीय न्यायाधीश रिज़वाना जी ने उत्तराम्नाय ज्योतिष्पीठाधीश्वर जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी श्री अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ‘1008’ जी महाराज से भेंट कर उनका मंगल आशीर्वाद प्राप्त किया।
उल्लेखनीय है कि हाल ही में न्यायाधीश रिज़वाना जी ने गौहत्या के अपराध में संलिप्त दोषियों को कठोर कारावास की सजा सुनाते हुए अपने निर्णय में गाय को केवल एक पशु नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति, परंपरा और आस्था का प्रतीक बताया था। उनके इस निर्णय को देशभर में व्यापक सराहना मिल रही है।
इस अवसर पर पूज्य शंकराचार्य जी महाराज ने उन्हें आशीर्वाद देते हुए कहा कि न्याय के सिंहासन पर बैठकर जब कोई न्यायाधीश सत्य, धर्म और सांस्कृतिक मूल्यों की रक्षा के लिए साहसिक निर्णय लेता है, तो वह राष्ट्र के लिए वंदनीय बन जाता है। उन्होंने कहा कि इस प्रकार के निर्णय अन्य न्यायाधीशों के लिए भी प्रेरणास्रोत सिद्ध होंगे।
भेंट के दौरान न्यायाधीश रिज़वाना जी ने शंकराचार्य जी के प्रति अपनी गहरी श्रद्धा व्यक्त की। शंकराचार्य जी महाराज ने उनके द्वारा किए गए इस निर्णय को गौसेवा और धर्मरक्षा की दिशा में पुण्यदायी कार्य बताते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
इस भेंट से सनातन धर्मावलंबियों एवं गौभक्तों में प्रसन्नता और उत्साह का वातावरण देखा गया।




