गाजीपुर। गाजीपुर के लाल ने एक बार फिर भारतवर्ष में जनपद और प्रदेश का नाम रोशन किया है। द होम्योपैथिक मेडिकल एसोसिएशन ऑफ इंडिया (HMAI) की राष्ट्रीय इकाई द्वारा कोलकाता के विश्व बांग्ला कन्वेंशन सेंटर, न्यू टाउन में आयोजित संगठन के 50वें स्थापना वर्ष के अवसर पर आयोजित गोल्डन जुबली समारोह में गाजीपुर के प्रसिद्ध होम्योपैथिक चिकित्सक डॉ. डीपी सिंह को अवार्ड ऑफ एक्सीलेंस से सम्मानित किया गया।
इस भव्य चिकित्सकीय सम्मेलन में देशभर से लगभग 4000 प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया, जबकि सैकड़ों वैज्ञानिकों और चिकित्सकों ने अपने शोध पत्र प्रस्तुत किए। समारोह में देश-विदेश में चर्चित उन होम्योपैथिक चिकित्सकों को सम्मानित किया गया, जिन्होंने कम लागत में गंभीर रोगों के प्रभावी उपचार और मानवता की सेवा में उल्लेखनीय योगदान दिया है।
पूर्वांचल के लाल और होम्योपैथी के अंतरराष्ट्रीय स्तर पर चर्चित चिकित्सक, सेवाश्रम हॉस्पिटल गाजीपुर के स्वास्थ्य निदेशक डॉ. डीपी सिंह को यह सम्मान संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. श्यामल मुखर्जी तथा पूर्व केंद्रीय होम्योपैथिक परिषद के अध्यक्ष एवं ख्यातिप्राप्त चिकित्सक डॉ. रामजी सिंह द्वारा अंगवस्त्रम एवं स्मृति चिन्ह प्रदान कर दिया गया।
देश के इतने बड़े मंच पर जनपद के चिकित्सक को सम्मानित किए जाने से गाजीपुर ही नहीं, बल्कि पूरे पूर्वांचल और प्रदेश में हर्ष और गर्व का माहौल है। ज्ञात हो कि डॉ. डीपी सिंह पिछले 25 वर्षों से गाजीपुर और पूर्वांचल क्षेत्र में चिकित्सा सेवा दे रहे हैं। अब तक वे मानवता की सेवा के उद्देश्य से लगभग 500 निःशुल्क चिकित्सा शिविरों का आयोजन और संचालन कर चुके हैं।
निराश होकर बड़े चिकित्सा संस्थानों से लौटे रोगियों का उपचार कर उन्हें रोगमुक्त करना ही उनका प्रमुख लक्ष्य रहा है, जिसे वे पूरी निष्ठा और समर्पण के साथ निभा रहे हैं।
इस अवसर पर गाजीपुर आश्रम यूनिट के अध्यक्ष डॉ. मृत्युंजय सिंह ने बताया कि नए वर्ष में एक सम्मान समारोह आयोजित कर जनपद एवं पूर्वांचल के चिकित्सकों की ओर से डॉ. डीपी सिंह को विशेष रूप से सम्मानित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय स्तर पर मिला यह सम्मान हम सभी चिकित्सकों के लिए गौरव की बात है।




