गाजीपुर गंगा बाढ़ निरीक्षण के तहत जिलाधिकारी अनुपम शुक्ला ने सेवराई तहसील के संभावित बाढ़ प्रभावित गांव बिरऊपुर और हसनपुर का दौरा किया। उन्होंने किसानों, ग्रामीणों और अधिकारियों के साथ बैठक कर फसल क्षति, राहत सामग्री, स्वास्थ्य सेवाओं, पशु टीकाकरण और बचाव कार्यों की समीक्षा करते हुए सभी विभागों को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए।
बिरऊपुर में फसल क्षति का लिया जायजा
गंगा किनारे स्थित बिरऊपुर गांव में जिलाधिकारी ने खेतों का निरीक्षण किया। किसानों ने धान की फसल में जलभराव से नुकसान की आशंका जताई। इस पर कृषि एवं राजस्व विभाग की संयुक्त टीम को तत्काल सर्वे कर फसल क्षति का आकलन करने का निर्देश दिया गया। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत बीमित किसानों के दावों का शीघ्र निस्तारण करने पर भी जोर दिया गया।
हसनपुर में ग्रामीणों की समस्याएं सुन मौके पर दिए निर्देश
हसनपुर पंचायत भवन में आयोजित बैठक में ग्रामीणों ने नाव, पेयजल, दवाइयों और पशुओं के चारे की समस्या रखी। जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को तत्काल समाधान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए और ग्रामीणों से बाढ़ के दौरान गंगा किनारे न जाने तथा बच्चों को सुरक्षित रखने की अपील की।
पशु टीकाकरण और राहत सामग्री पर विशेष जोर
जिलाधिकारी ने पशुपालन विभाग को सभी पशुओं का युद्धस्तर पर टीकाकरण कराने तथा चारे का पर्याप्त भंडारण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। जिला पूर्ति विभाग को बाढ़ शरणालयों और पंचायत भवनों में 15 दिन की खाद्य सामग्री एवं स्वच्छ पेयजल अग्रिम रूप से उपलब्ध कराने को कहा।
स्वास्थ्य सेवाएं, बैरिकेडिंग और कंट्रोल रूम रहेगा सक्रिय
मुख्य चिकित्साधिकारी को सभी बाढ़ चौकियों पर मेडिकल टीम, ओआरएस, क्लोरीन टैबलेट, आवश्यक दवाएं और एंटी वेनम इंजेक्शन उपलब्ध रखने के निर्देश दिए गए। जलमग्न मार्गों पर बैरिकेडिंग, चेतावनी बोर्ड, नाव, लाइफ जैकेट तथा 24 घंटे सक्रिय जिला एवं तहसील स्तर के कंट्रोल रूम की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए।
गाजीपुर गंगा बाढ़ निरीक्षण के बाद प्रशासन पूरी तरह अलर्ट
गाजीपुर गंगा बाढ़ निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत, बचाव और स्वास्थ्य सेवाओं में किसी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। सभी विभागों को समन्वय के साथ कार्य करने के निर्देश दिए गए।



